आरटीओ के नाम पर वसूली का खेल, ‘गब्बर बाबू’ पर गंभीर आरोप!
उमरिया। जिला में इन दिनों 'गब्बर' आ गया वाला डायलॉग छाया हुआ है जिससे बच्चे नहीं हाइवे पर चलने वाले राहगीर परेशान हैं। क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (RTO) के नाम पर सड़क पर कथित तौर पर अवैध चेकिंग और वसूली का खेल चल रहा है। आरोप है कि आरटीओ कार्यालय का एक बाबू, जिसे स्थानीय लोग “गब्बर” के नाम से जानते हैं, बिना किसी वैधानिक अधिकार के हाईवे पर वाहनों को रोककर जांच कर रहा है।
फोन के आदेश पर चेकिंग?
हमारी टीम ने मौके पर पहुंचकर चेकिंग कर रहे बाबू “गब्बर” से बात की और पूछा कि आरटीओ मैडम कहां हैं। इस पर उन्होंने कहा कि उन्हें फोन के माध्यम से चेकिंग करने का आदेश दिया गया है। जब उनसे यह पूछा गया कि क्या उनके पास कोई लिखित आदेश है या मौके पर कोई अधिकृत अधिकारी मौजूद है, तो वे स्पष्ट जवाब नहीं दे सके। उनके जवाबों में असंगति साफ नजर आई, जिससे पूरे मामले पर संदेह और गहरा गया।
नियमों की खुली अनदेखी
मोटर व्हीकल एक्ट के अनुसार, सड़क पर वाहन चेकिंग का अधिकार केवल अधिकृत अधिकारियों—जैसे आरटीओ अधिकारी या पुलिस—को होता है। इसके बावजूद एक बाबू द्वारा खुद ही हाईवे पर चेकिंग करना नियमों का सीधा उल्लंघन माना जा रहा है। आरोप यह भी है कि संबंधित व्यक्ति खुद एक “अनफिट” वाहन में बैठकर चेकिंग कर रहा था, जो कानून की खुलेआम अनदेखी को दर्शाता है।
नगर सैनिकों को साथ लेकर चेकिंग
वर्दी में भी गड़बड़ी मामले का एक और गंभीर पहलू यह सामने आया है कि चेकिंग के दौरान नगर सैनिकों (नगर सेना) को भी साथ में रखा गया था। स्थानीय लोगों के अनुसार, इन नगर सैनिकों की वर्दी पर नेम प्लेट तक नहीं लगी हुई थी, जो कि अनुशासन और पहचान से जुड़े बुनियादी नियमों का उल्लंघन है। बिना स्पष्ट पहचान और बिना अधिकृत अधिकारी की मौजूदगी में इस तरह की कार्रवाई पूरी प्रक्रिया को और संदिग्ध बनाती है।
अवैध वसूली के आरोप
वाहन चालकों और प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि यह कोई नई बात नहीं है। आरोप है कि पहले भी एक कंप्यूटर ऑपरेटर के साथ मिलकर पूरे जिले में घूम-घूमकर वसूली की जाती रही है। अब यह गतिविधि और ज्यादा खुलेआम जारी है।
प्रशासन की चुप्पी पर सवाल
इतने गंभीर आरोपों के बावजूद प्रशासन की चुप्पी कई सवाल खड़े करती है। क्या यह सब बिना किसी उच्च स्तर की जानकारी के हो रहा है, या फिर सिस्टम में कहीं न कहीं मिलीभगत है।
What's Your Reaction?