सीधी जिप्सी कांड की आँच उमरिया तक, जिम्मेदार अधिकारी झाड रहे पल्ला

उमरिया। सीधी जिले के संजय गाँधी टाइगर रिज़र्व मे बिना परमीशन कलेक्टर स्वरोचिष सोमवंषी का सफारी करने का वायरल वीडिओ सीधी से लेकर उमरिया तक भू चाल लाकर रख दिया है।
आपको बता दे सीधी कलेक्टर स्वरोचिश सोमवंशी का वीडियो सोशल मीडिया मे खूब वायरल हो रहा है। जिसमे कलेक्टर स्वरोचिश सोमवंशी वाइल्डलाइफ एक्ट का उल्लंघन करते नजर आ रहे हैं और बिना परमिशन प्राइवेट जिप्सी से संजय धुबरी टाइगर रिजर्व के प्रतिबंधित क्षेत्र में बिना परमिसन घूमते नजर आ रहे हैं वीडियो वायरल होने के बाद आरटीआई एक्टिविस्ट अजय दुबे ने इसकी शिकायत नेशनल टाइगर कंजर्वेशन अथॉरिटी और मध्यप्रदेश के वाइल्डलाइफ पीसीसी एफ से की है कलेक्टर सोमवंशी पर आरोप है कि नियमित रूप से वो हर सप्ताह दोस्तों के साथ टाइगर रिजर्व का दौरा करते हैं और पर्यटकों के साथ दुर्व्यवहार भी करते है तो वही आर टी आई एक्टिविस्ट अजय दुबे की शिकायत के बाद अब राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण (NTCA) संजय टाइगर रिजर्व में कथित नियमों के उल्लंघन की जांच कर रहा है। उधर अपर प्रधान वन संरक्षक (वन्य जीव) ने इस मामले में जांच रिपोर्ट मांगी है।
वही इस पूरे घटना क्रम पर कलेक्टर सोमवंशी ने आरोपों को आधारहीन बताया है। तो वही जिस कलेक्टर से कलेक्टर सोमवंशी सफारी कर रहे है उस जिप्सी का तार उमरिया तक जुडा हुआ है जो सूत्रों से जानकारी सामने आ रही है उसमें यह जिप्सी उमरिया स्वास्थ्य विभाग को दान स्वरुप मिली थी तत्कालीन वाहन प्रभारी कौशल साकेत थे उनने उस जिप्सी मे ऐसा क्या हेर फेर किया की वह जिप्सी कलेक्टर स्वरोचिष सोमवंषी के पास चली गई, बाद मे उनके चहेतो ने 2023 मे उस जिप्सी को धमोखर निवासी उमेश यादव के नाम ट्रांसफर भी करा दिया गया और गुजरात की जिप्सी MP- 54-ZA 3935 के रूप मे परिवर्तित हो गई। जब उस जिप्सी के ट्रांसफर मे लगे कागजात की तह तक जाया गया तो वो उमेश यादव तो नहीं निकले लेकिन उनके जलवे देश के महामहिम से कम भी नहीं निकले और बाद मे वह किसी भी मीडिया के साथी का फोन उठा कर जवाब तक देना मुनासिब नहीं समझें।
What's Your Reaction?






