फसल और इंसानी जान बचाने पार्क प्रबंधन का नया एक्सपेरिमेंट, ग्रामीणों को बांटी टॉर्च
उमरिया। बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के पनपथा बफर क्षेत्र में हाथियों से फसल और इंसानी सुरक्षा को लेकर वन विभाग ने एक अनोखी पहल की है।वन परिक्षेत्र पनपथा बफर के करोंदिया सर्किल अंतर्गत बीट सलखनिया के ग्राम सलखनिया में इको विकास समिति के सदस्यों को एक-एक किसान टॉर्च प्रदान की गई। सहायक संचालक पनपथा और वन अमले की मौजूदगी में हुए इस वितरण का मकसद रात के अंधेरे में हाथियों की मौजूदगी का पता लगाकर ग्रामीणों को समय रहते सतर्क करना और हाथियों से होने वाली फसल क्षति में आंशिक कमी लाना है।
आपको बता दे,पार्क क्षेत्र से सटे सलखनिया और जगुवा गांव में पिछले वर्ष हाथियों ने कई बार फसलों को नुकसान पहुंचाया था। ऐसे में वन विभाग ने ग्रामीणों के हाथों में टॉर्च देकर उन्हें अंधेरे में हाथियों की गतिविधियों पर नजर रखने और अपनी सुरक्षा के लिए एक अतिरिक्त साधन उपलब्ध कराया है। देखना यह होगा कि हाथियों के सामने यह रोशनी कितनी सुरक्षा दे पाती है और फसल नुकसान को रोकने में इसका कितना असर दिखाई देता है। वन अधिकारियों का मानना है कि टॉर्च मिलने से ग्रामीण रात के समय अपनी जान-माल और फसलों की बेहतर निगरानी कर सकेंगे,साथ ही हाथियों की गतिविधि की जानकारी समय पर वन अमले तक पहुंचाने में भी मदद मिलेगी। विभाग को उम्मीद है कि ग्रामीणों के सहयोग से मानव-वन्यजीव द्वंद्व को कम करने के साथ जंगल और वन्यप्राणियों की सुरक्षा को भी मजबूती मिलेगी। क्षेत्र संचालक डॉ.अनुपम सहाय ने कहा कि मानव-वन्यजीव द्वंद्व को कम करने में ग्रामीणों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। हाथियों की मौजूदगी वाले क्षेत्रों में ग्रामीणों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराए जा रहे हैं। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि हाथियों से सुरक्षित दूरी बनाए रखें,उन्हें घेरने या परेशान करने का प्रयास न करें और हाथियों की गतिविधियों की सूचना तत्काल वन विभाग को दें। ग्रामीणों और वन अमले के आपसी सहयोग से फसल क्षति को कम करने के साथ मानव और वन्यजीव दोनों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकती है।
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